मन इतना उदास क्यों है आज
दिल में बेचैनी छाई क्यों है आज
जिगर टूट सा गया क्यों है आज
जिस्म गल सा गया क्यों है आज
मरनेवाले तो मर गए
स्वर्ग या जिधर भी पहूँच गए
जीनेवाले तो रह गए
नरक में रो-रोकर बह गए
क्यों बना देता है जीवन
किसी को सुखी और किसी को दुखी
कुछ लोग जीकर खुश है
कुछ लोग मरकर खुश
जीवन मरण का क्या यह नियम है
कि कोई मरता हो रोता है
और कोई जीता तो ।।

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